Author: newskhabardar

सूचना एवं लोक संपर्क विभाग, उत्तराखंड सरकार द्वारा “कार्यालय प्रबंधन एवं प्रक्रियाएँ“ विषयक दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफल आयोजन सूचना एवं लोक संपर्क विभाग, उत्तराखंड सरकार के तत्वावधान में “कार्यालय प्रबंधन एवं प्रक्रियाएँ“ विषय पर दो दिवसीय उच्चस्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफल एवं प्रभावी आयोजन सूचना भवन, निदेशालय, सूचना एवं लोक संपर्क विभाग, देहरादून में किया गया। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम नव नियुक्त सूचना अधिकारियों एवं जिला सूचना अधिकारियों के लिए आयोजित किया गया, जिसका उद्देश्य प्रशासनिक दक्षता एवं कार्यालय संचालन प्रक्रिया को प्रभावी रूप से सुदृढ़ करना है। कार्यक्रम में श्री किशन नाथ (सेवानिवृत्त अपर सचिव), श्री सुनील रतूड़ी…

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वनों को आग से बचाने के लिए शीतलाखेत मॉडल आदर्शः  मुख्यमंत्री कहा-वनाग्नि से निपटने में समुदायों की सहभागिता जरूरी वनाग्नि नियंत्रण पर आयोजित मॉक ड्रिल का लिया जायजा बेहतर रणनीति बनाने में मदद करेगा मॉक अभ्यास मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखण्ड में वनाग्नि पर प्रभावी नियंत्रण के लिए शीतलाखेत मॉडल को आदर्श मॉडल बताया। उन्होंने कहा कि वनों को बचाने में समुदाय किस प्रकार अपना रचनात्मक व सकारात्मक योगदान दे सकते हैं, शीतलाखेत मॉडल इसका उत्कृष्ट उदाहरण हैं और धीरे-धीरे सभी जनपद इसे अपनाने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य के बेशकीमती वनों को…

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वनों को आग से बचाने के लिए शीतलाखेत मॉडल आदर्शः  मुख्यमंत्री कहा-वनाग्नि से निपटने में समुदायों की सहभागिता जरूरी वनाग्नि नियंत्रण पर आयोजित मॉक ड्रिल का लिया जायजा बेहतर रणनीति बनाने में मदद करेगा मॉक अभ्यास मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखण्ड में वनाग्नि पर प्रभावी नियंत्रण के लिए शीतलाखेत मॉडल को आदर्श मॉडल बताया। उन्होंने कहा कि वनों को बचाने में समुदाय किस प्रकार अपना रचनात्मक व सकारात्मक योगदान दे सकते हैं, शीतलाखेत मॉडल इसका उत्कृष्ट उदाहरण हैं और धीरे-धीरे सभी जनपद इसे अपनाने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य के बेशकीमती वनों को…

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समान नागरिक संहिता – फर्जी शिकायतकर्ता पर लगेगा जुर्माना उत्तराखंड समान नागरिक संहिता के तहत होने वाले आवेदनों पर कोई भी व्यक्ति, दूसरी व्यक्ति की फर्जी शिकायत दर्ज नहीं करा पाएगा। ऐसा करने पर संबंधित व्यक्ति पर जुर्माना लगाया जा सकता है। जिसकी वसूली भू राजस्व की तर्ज पर की जाएगी। इस तरह सरकार ने यूसीसी के तहत होने वाले आवेदनों पर, झूठी शिकायतों से अड़ंगा लगाने वालों को भी दूर रखने का प्रावधान किया है। अपर सचिव गृह निवेदिता कुकरेती ने बताया कि समान नागरिक संहिता के तहत होने वाले आवेदनों और पंजीकरणों को हर तरह से विवाद रहित…

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समान नागरिक संहिता – फर्जी शिकायतकर्ता पर लगेगा जुर्माना उत्तराखंड समान नागरिक संहिता के तहत होने वाले आवेदनों पर कोई भी व्यक्ति, दूसरी व्यक्ति की फर्जी शिकायत दर्ज नहीं करा पाएगा। ऐसा करने पर संबंधित व्यक्ति पर जुर्माना लगाया जा सकता है। जिसकी वसूली भू राजस्व की तर्ज पर की जाएगी। इस तरह सरकार ने यूसीसी के तहत होने वाले आवेदनों पर, झूठी शिकायतों से अड़ंगा लगाने वालों को भी दूर रखने का प्रावधान किया है। अपर सचिव गृह निवेदिता कुकरेती ने बताया कि समान नागरिक संहिता के तहत होने वाले आवेदनों और पंजीकरणों को हर तरह से विवाद रहित…

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अनीमिया मुक्ति अभियान  के अंतर्गत प्रदेश के सभी निजी स्कूलों में भी दी जाएगी आयरन फोलिक एसिड माननीय मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी जी के निर्देशन में राज्य सरकार ’अनीमिया मुक्त भारत’ कार्यक्रम के अन्तर्गत आगामी शैक्षणिक सत्र से प्रदेश के सभी निजी शैक्षणिक संस्थानों में भी कक्षा 1 से 12 तक के विद्यार्थियों को साप्ताहिक आयरन-फोलिक एसिड वितरित करने जा रही है, जिस हेतु स्वास्थ्य मंत्रालय भारत सरकार द्वारा स्वीकृति भी दे दी गई है। वर्तमान में प्रदेश के सभी सरकारी एवं सरकारी सहायता प्राप्त शैक्षणिक संस्थानों में साप्ताहिक आयरन-फोलिक एसिड की गोलियाँ निरंतर दी जा रही हैं। राज्य में…

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अनीमिया मुक्ति अभियान  के अंतर्गत प्रदेश के सभी निजी स्कूलों में भी दी जाएगी आयरन फोलिक एसिड माननीय मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी जी के निर्देशन में राज्य सरकार ’अनीमिया मुक्त भारत’ कार्यक्रम के अन्तर्गत आगामी शैक्षणिक सत्र से प्रदेश के सभी निजी शैक्षणिक संस्थानों में भी कक्षा 1 से 12 तक के विद्यार्थियों को साप्ताहिक आयरन-फोलिक एसिड वितरित करने जा रही है, जिस हेतु स्वास्थ्य मंत्रालय भारत सरकार द्वारा स्वीकृति भी दे दी गई है। वर्तमान में प्रदेश के सभी सरकारी एवं सरकारी सहायता प्राप्त शैक्षणिक संस्थानों में साप्ताहिक आयरन-फोलिक एसिड की गोलियाँ निरंतर दी जा रही हैं। राज्य में…

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मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को हल्द्वानी गौलापार स्पोर्ट्स स्टेडियम में आयोजित 38 वें राष्ट्रीय खेलों की विभिन्न व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर समापन कार्यक्रम हेतु अंतिम रूप से की जा रही तैयारियों का जायजा लिया। मुख्यमंत्री ने समापन समारोह को भव्यता पूर्वक सम्पन्न कराए जाने हेतु की जा रही विभिन्न तैयारियां मंच निर्माण, साज सज्जा, बैठने की व्यवस्था आदि व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर, की जा रही सभी तैयारियां की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने राष्ट्रीय खेलों के समापन समारोह की पूर्व तैयारियां का स्थलीय निरीक्षण करते हुए स्टेडियम के ऑडिटोरियम में अधिकारियों के साथ बैठक कर समापन समारोह की तैयारियों…

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डॉ. पी.टी. उषा ने NSF और SOA के गणमान्य व्यक्तियों से की मुलाकात देहरादून:  भारतीय ओलंपिक संघ (IOA) की अध्यक्ष डॉ. पी.टी. उषा ने आज राजीव गांधी क्रिकेट स्टेडियम में राज्य ओलंपिक संघ (SOA – State Olympic Association) और राष्ट्रीय खेल महासंघ (NSF- National Sports Federation) के गणमान्य व्यक्तियों से मुलाकात की। इस विशेष बैठक में IOA की विभिन्न उप-समितियों और गेम्स टेक्निकल कंडक्ट कमेटी (GTCC) के सदस्य भी मौजूद रहे। बैठक का उद्देश्य भारत में खेलों की व्यवस्था को और मजबूत करना था। कार्यक्रम की शुरुआत कोऑर्डिनेशन कमिटी के अध्यक्ष श्री मधुकांत पाठक द्वारा अतिथियों के स्वागत से हुई। इस दौरान उपस्थित गणमान्य व्यक्तियों ने डॉ. पी.टी. उषा के नेतृत्व…

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मुख्यमंत्री ने 38वें राष्ट्रीय खेल के अंतिम दिन ‘मौली संवाद’ में की शिरकत देहरादून:  38वें राष्ट्रीय खेल के समापन अवसर पर ‘मौली संवाद: नेशनल स्पोर्ट्स विजन कॉन्क्लेव’ का आयोजन किया गया, जिसमें माननीय मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी जी ने मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। इस सत्र की शुरुआत ‘देवभूमि बनी खेलभूमि’ गीत से हुई। इस कार्यक्रम में माननीय वन विभाग मंत्री सुबोध उनियाल, 38वें राष्ट्रीय खेल के सीईओ अमित सिन्हा समेत कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री धामी जी ने कहा कि उत्तराखंड ने पूरे खेलों की मेजबानी अपने राज्य में की, जो अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि है। उन्होंने यह भी बताया कि 37वें राष्ट्रीय खेल में उत्तराखंड 25वें स्थान पर था, जबकि इस बार छठे स्थान पर पहुंच गया है। उन्होंने इस उपलब्धि को खिलाड़ियों, आयोजकों और राज्य की खेल नीति का परिणाम बताया। खेल वन की स्थापना और पर्यावरण संरक्षण पर जोर मुख्यमंत्री धामी जी ने ‘खेल वन’ की स्थापना के तहत स्वर्ण पदक विजेता खिलाड़ियों के साथ मिलकर पौधारोपण किया। इस पहल का उद्देश्य खेलों के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना है। उन्होंने बताया कि इस बार के राष्ट्रीय खेलों को ‘ग्रीन गेम्स’ के रूप में आयोजित किया गया, जहां हर संभव संसाधन का पुनः उपयोग किया गया। पुरस्कार ई-वेस्ट से बनाए गए, कोई खाद्य अपशिष्ट नहीं हुआ और स्वर्ण पदक विजेता द्वारा 1600 रुद्राक्ष के पेड़ लगाए गए। साथ ही 2.77 हेक्टेयर भूमि को ‘वनभूमि’ के रूप में विकसित किया गया। महिलाओं के लिए ‘ड्रोन दीदी’ पहल  मुख्यमंत्री ने ‘ड्रोन दीदी’ पहल के बारे में भी चर्चा की, जिसके अंतर्गत 52 महिलाओं को ड्रोन तकनीक की 330 घंटे की ट्रेनिंग दी गई। इस ट्रेनिंग में असेंबली, उड़ान और कंप्यूटर सिस्टम की शिक्षा दी गई। इनमें से परीक्षा के बाद 5 महिलाओं को सम्मानित किया गया, जिनमें आंचल आर्या, शिखा, काजल कुमार, प्रियंशी और प्रियंका आर्या शामिल हैं। इस पहल के पीछे के मुख्य व्यक्ति अविनाश चंद्रपाल को भी मुख्यमंत्री द्वारा सम्मानित किया गया। राष्ट्रीय खेल की उपलब्धियां 38वें राष्ट्रीय खेल के सी.ई.ओ अमित सिन्हा ने बताया कि इस बार राष्ट्रीय खेल का आयोजन उत्तराखंड में 11 विभिन्न स्थलों पर किया गया, जिसमें 8 केंद्र शासित प्रदेशों और सर्विसेज स्पोर्ट्स कंट्रोल बोर्ड (SSCB) की भागीदारी रही। कुल 32 खेलों का आयोजन हुआ, जिनमें 4 डेमोंस्ट्रेशन स्पोर्ट्स भी शामिल थे। इन खेलों में 2200 तकनीशियन, 2535 वॉलंटियर और 275 खेल विशेषज्ञ वॉलंटियर ने योगदान दिया। खिलाड़ियों और आयोजन दल के लिए प्रतिदिन 25,000 लोगों के लिए भोजन की व्यवस्था की गई। इस आयोजन में कुल 17 राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाए गए। रात में हुई अंतरराष्ट्रीय स्तर की राफ्टिंग  मुख्यमंत्री धामी जी ने बताया कि नेपाल-भारत सीमा के पास चंपावत में रात के समय राफ्टिंग का आयोजन किया गया, जो गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज किया गया है। इसके अलावा, उत्तराखंड के चकरपुर गांव में प्राचीन भारतीय खेल ‘मल्लखंब’ का आयोजन भी किया गया, जिससे सीमावर्ती गांवों में पारंपरिक खेलों को बढ़ावा मिला। कार्यक्रम के अंत में 38वें राष्ट्रीय खेल के सीईओ अमित सिन्हा ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी जी और वन मंत्री सुबोध उनियाल को स्मृति चिह्न भेंट किए। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड अब ‘खेलभूमि’ बन चुका है और राज्य सरकार इसे  और आगे बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।

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