- यातायात बाधा बनी शराब की 6 दुकानों को शिफ्ट करने का प्रशासन का सख्त आदेश
- उत्तराखंड बना विद्या समीक्षा केंद्र लागू करने वाला देश का पहला राज्य: सीएम धामी
- राष्ट्रीय खेलों के पदक विजेता खिलाड़ियों को मिलेगी खुशखबरी, सरकार ने जारी किए 15 करोड़ रुपए
- गोपेश्वर में गुलदार का आतंक लंबे समय से क्षेत्र में घूम रहा गुलदार ग्रामीणों में दहशत
- उत्तराखंड के मदरसों में पढ़ाया जाएगा ऑपरेशन सिंदूर, सेना के शौर्य से रूबरू होंगे छात्र
- विधवा महिला की गुहार पर हरकत में प्रशासन, डीएम ने सुनी राशन कार्ड से जुड़ी फरियाद
- धामी सरकार का बड़ा प्रशासनिक फैसला: दो संस्थानों का विलय, अतिरिक्त प्रभार वाले निदेशक की नियुक्ति रद्द
- रजत जयंती वर्ष में महिला पुलिस कर्मियों के साथ ओपन हाउस: SI से IG तक डीजीपी ने संवाद
Author: newskhabardar
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को महाकुंभ 2025 के पुण्य अवसर पर पावन दिव्य त्रिवेणी संगम पर सपरिवार स्नान किया। उन्होंने पतित पावनी मां गंगा, यमुना और सरस्वती के पूजन के साथ सभी देवों का आह्वाहन कर प्रदेशवासियों की सुख समृद्धि तथा प्रदेश की उन्नति के लिए प्रार्थना की। मुख्यमंत्री ने कहा कि महाकुंभ शताब्दियों से अपनी अक्षुणता बनाये रखते हुए सनातन धर्म की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक महत्ता के माध्यम से करोड़ों लोगों को धर्म एवं संस्कृति से जोड़ता रहा है। महाकुंभ का पर्व केवल आध्यात्मिक चेतना का ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय एकता, अखण्डता और विश्व बंधुत्व का प्रतीक…
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी करेंगे मेगा स्टार्टअप समिट का उद्घाटन उच्च शिक्षा विभाग के अधीन देवभूमि उद्यमिता योजना के तहत आयोजन उच्च शिक्षा विभाग की ओर चलाई जा रही देवभूमि उद्यमिता योजना के तहत मंगलवार और बुधवार को दून विश्वविद्यालय में दो दिवसीय मेगा स्टार्टअप समिट का आयोजन किया जा रहा है। जिसका उद्घाटन मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी करेंगे। सोमवार को सचिवालय स्थित मीडिया सेंटर में आयोजित पत्रकार वार्ता में उच्च शिक्षा विभाग में उद्यमिता विकास के नोडल अधिकारी/सहायक निदेशक डॉ. दीपक पांडेय ने बताया कि, देवभूमि उद्यमिता योजना, उत्तराखण्ड राज्य के राज्य विश्वविद्यालयों, विश्वविद्यालय परिसरों और संबद्ध संस्थानों में…
उत्तराखंड के पत्रकारिता जगत के लिए दुःखद खबर सामने आई है। राष्ट्रीय खेलों की कवरेज के दौरान वरिष्ठ पत्रकार/फोटोग्राफर मंजुल माजिला ने दम तोड़ दिया। वह अचानक जमीन पर गिर पड़े और फिर उठ नहीं पाए। बताया जा रहा है कि उन्हें दिल का दौरा पड़ा। उनके आकस्मिक निधन की खबर पर पत्रकारिता जगत में शोक की लहर है। वह लंबे समय से पत्रकारिता से जुड़े थे और मिलनसार स्वाभाव के चलते सभी के करीब थे। वह अपने पीछे पत्नी और दो पुत्रों का भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। प्राप्त जानकारी के मुताबिक इन दिनों पत्रकार मंजुल माजिला राष्ट्रीय खेलों…
देहरादून रविवार को अभिसूचना मुख्यालय उत्तराखण्ड, में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें “मिलेट मैन ऑफ इंडिया” के रूप में विख्यात डॉ. खादर वली द्वारा मोटे अनाज (श्रीधान्य) को लेकर अपने अनुभव और विचार साझा किए। उन्होंने मिलेट्स के सेवन को बढ़ावा देने पर जोर दिया। ए पी अंशुमान, अपर पुलिस महानिदेशक, प्रशासन / अभिसूचना एवं सुरक्षा ने डॉ. खादिर वली को पुष्प गुच्छ भेंट कर स्वागत किया। उन्होंने कहा, “डॉ. खादिर वली मोटे अनाज को लेकर जो जनजागरूकता फैला रहे है वह न केवल राष्ट्र बल्कि पूरी मानव जाति के लिए लाभकारी हैं। प्रकृति द्वारा मिलेटस के रूप…
*हेट स्पीच के मामले में दून पुलिस ने दर्ज किया अभियोग* *थाना रायपुर* दिनांक 03 फरवरी 2025 को नथुवा वाला क्षेत्र में दो युवकों द्वारा एक नाबालिक लड़की के साथ छेड़खानी करने की घटना प्रकाश में आयी थी, जिसमे रायपुर पुलिस द्वारा प्राप्त तहरीर के आधार पर छेड़खानी तथा पॉक्सो अधिनियम की संबंधित धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर दोनो युवकों के विरुद्ध वैधानिक कार्यवाही की गई थी। उक्त दोनों युवकों में से एक युवक के दूसरे समुदाय से होने के कारण काली सेना के भूपेश जोशी उसके साथी अजय, वैभव पंवार व अन्य के द्वारा दूसरे समुदायों के विरोध में…
38वें राष्ट्रीय खेल में कर्नाटक का राफ्टिंग में दबदबा, महिला और मिश्रित श्रेणियों में भी जीते गोल्ड।
देहरादून: 38वें राष्ट्रीय खेल में काकड़घाट, बूम मंदिर, टनकपुर में चल रहे राफ्टिंग मुकाबलों में आज कई शानदार प्रदर्शन देखने को मिले। विभिन्न श्रेणियों में प्रतियोगी अपनी जबरदस्त टैलेंट का प्रदर्शन कर रहे हैं। डाउन रिवर मिक्स्ड रेस में कर्नाटक ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पहला स्थान हासिल किया। कर्नाटक का समय 34:07.967 रहा, जबकि महाराष्ट्र ने 35:31.761 के साथ दूसरा और हिमाचल प्रदेश ने 35:44.097 के साथ तीसरा स्थान प्राप्त किया। स्लालम (पुरुष) में सर्विसेज ने 3:40.690 का समय निकालकर गोल्ड जीता। आंध्र प्रदेश ने 3:45.460 के साथ सिल्वर जबकि कर्नाटक ने 3:46.820 के साथ ब्रॉन्ज मेडल हासिल किया। स्लालम…
उत्तराखंड ने राष्ट्रीय खेल से रचा इतिहास, ‘ग्रीन गेम्स’ के तहत किया सस्टेनेबल डेवलेपमेंट का प्रदर्शन
उत्तराखंड ने राष्ट्रीय खेल से रचा इतिहास, ‘ग्रीन गेम्स’ के तहत किया सस्टेनेबल डेवलेपमेंट का प्रदर्शन देहरादून: उत्तराखंड में 28 जनवरी को शुरू हुए 38वें राष्ट्रीय खेल के भव्य उद्घाटन के बाद अब खेल अपने पूरे जोश पर हैं। बीते दिनों में पूरे प्रदेश में विभिन्न खेलों का रोमांच देखने को मिला, जहां एथलीटों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया और उत्तराखंड ने खेलों के आयोजन में एक मिसाल कायम की। यह पहली बार है जब उत्तराखंड को इतने बड़े राष्ट्रीय आयोजन की मेजबानी का अवसर मिला और राज्य ने इसे ऐतिहासिक बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ी। देहरादून के राजीव गांधी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में 28 जनवरी को हुए उद्घाटन समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। इस मौके पर प्रधानमंत्री मोदी ने देश में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर जोर दिया और उत्तराखंड को ‘ग्रीन गेम्स’ थीम के तहत खेलों को पर्यावरण-अनुकूल तरीके से आयोजित करने के लिए सराहा। खेलों का रोमांच पूरे राज्य में फैला राष्ट्रीय खेल के तहत मुकाबले केवल देहरादून तक सीमित नहीं हैं, बल्कि हल्द्वानी, अल्मोड़ा, पिथौरागढ़ सहित 11 शहरों और 8 जिलों में आयोजित किए गए हैं। 10,000 से अधिक एथलीट, 35 विभिन्न खेलों में भाग ले रहे हैं, जिससे पूरे उत्तराखंड में खेलों का उत्साह बन रखा है। उत्तराखंड के लोगों ने इन खेलों को सिर्फ एक प्रतियोगिता के रूप में नहीं देखा, बल्कि इसे अपने प्रदेश की पहचान और विकास से जोड़ा है। खेल स्थलों पर दर्शक भारी भीड़ में आ रहे हैं। ‘ग्रीन गेम्स’ ने पेश की नई मिसाल उत्तराखंड ने इस आयोजन को केवल खेलों तक सीमित नहीं रखा है, बल्कि इसे पर्यावरण संरक्षण और सस्टेनेबल डेवलेपमेंट से भी जोड़ा है। इस बार के राष्ट्रीय खेल को ‘ग्रीन गेम्स’ थीम के तहत आयोजित किया गया, जिसमें पर्यावरण के अनुकूल खेल स्थलों का निर्माण किया गया। खेल परिसरों को ऊर्जा-कुशल तकनीकों से लैस किया गया, जिसमें सौर ऊर्जा का उपयोग प्रमुख रहा है। प्लास्टिक के उपयोग को न्यूनतम किया गया और अपशिष्ट प्रबंधन के लिए विशेष इंतजाम किए गए है। खेल स्थलों को स्थानीय परिदृश्य के अनुरूप डिज़ाइन किया गया, ताकि उत्तराखंड की जैव विविधता और प्राकृतिक सौंदर्य को संरक्षित रखा जा सके। स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मिला बढ़ावा खेल आयोजन से न केवल खेलों को बढ़ावा मिला, बल्कि उत्तराखंड की स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिली। खेल स्थलों के निर्माण और प्रबंधन में स्थानीय श्रमिकों को प्राथमिकता दी गई, जिससे रोजगार के नए अवसर पैदा हुए। पर्यटन को भी बढ़ावा मिला, क्योंकि खेलों को देखने के लिए देशभर से लोग उत्तराखंड पहुंचे। राज्य सरकार का मानना है कि इन खेलों से तैयार किया गया बुनियादी ढांचा भविष्य में भी उपयोगी साबित होगा। देहरादून, हल्द्वानी और अन्य शहरों में बने खेल परिसर आगे भी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं की मेजबानी कर सकते हैं। उत्तराखंड को मिली राष्ट्रीय पहचान 38वें राष्ट्रीय खेल ने उत्तराखंड को देश के अग्रणी खेल आयोजक राज्यों में शामिल कर दिया है। राज्य ने न केवल भव्य आयोजन किया है, बल्कि ग्रीन और सस्टेनेबल डेवलेपमेंट के लिए नई राह भी दिखाई। इस आयोजन के बाद उत्तराखंड अब भविष्य में और भी बड़े खेल आयोजनों की दावेदारी पेश कर सकता है। 2036 के ओलंपिक की संभावित मेजबानी को देखते हुए भारत जिस तरह से खेल अवसंरचना को विकसित कर रहा है, उसमें उत्तराखंड की भूमिका और मजबूत हो सकती है। राष्ट्रीय खेल ने उत्तराखंड को न केवल खेलों में बल्कि पर्यावरण-अनुकूल आयोजनों की दिशा में भी एक नई पहचान दी है।
उत्तराखंड की ऐतिहासिक छलांग: 38वें राष्ट्रीय खेल में 25वें से छठे स्थान तक का सफर, और ऊंची उड़ान बाकी देहरादून: उत्तराखंड ने 38वें राष्ट्रीय खेल में शानदार प्रदर्शन करते हुए अब तक पदक तालिका में छठा स्थान हासिल किया है। यह राज्य के खेल इतिहास में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, खासकर इसलिए क्योंकि पिछले 37वें राष्ट्रीय खेल में उत्तराखंड 25वें स्थान पर था। महज एक संस्करण में इतनी बड़ी छलांग राज्य के खिलाड़ियों की मेहनत और सरकार की खेल नीति के प्रभावी क्रियान्वयन का प्रमाण है। अब तक उत्तराखंड ने कुल 62 पदक जीते हैं, जिनमें 14 स्वर्ण, 22 रजत और 26 कांस्य शामिल हैं। खासकर वुशु और ताइक्वांडो में राज्य ने जबरदस्त प्रदर्शन किया है, दोनों खेलों में कुल 12-12 पदक जीतकर उत्तराखंड ने अपनी ताकत दिखाई है। हालांकि, राष्ट्रीय खेल अभी समाप्त नहीं हुए हैं और उत्तराखंड के पास पदक तालिका में और ऊंचा स्थान हासिल करने का पूरा मौका है। राज्य के खिलाड़ी सभी प्रतियोगिताओं में भाग ले रहे हैं, और उनके शानदार प्रदर्शन से उत्तराखंड की रैंकिंग में और सुधार संभव है। यह उपलब्धि राज्य के युवा खिलाड़ियों को प्रेरित करेगी और उत्तराखंड को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खेल मंच पर नई ऊंचाइयों तक ले जाने में सहायक होगी।
अरबों रुपए के रजिस्ट्री फर्जीवाड़े के पकड़ में आने के बाद गठित की गई स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन विभाग की एसआईटी (स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम) अपना काम निरंतर कर रही है। एसआईटी ने एक और मामला पकड़ा है। जिसमें भूमाफिया गिरोह ने वर्ष 2005 में मृत्यु को प्राप्त हो चुके गाजियाबाद निवासी की विरासत अपने नाम चढ़ाकर दून में स्थित जमीन को बेच डाला। इस मामले में राजपुर पुलिस ने 07 आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया है। एसएसपी को दी गई शिकायत में बिंदु सिंह निवासी केएच-4 कविनगर गाजियाबाद ने बताया कि उनके भाई अरविंद कुमार गौड़ का 08 मार्च 2005…
महाकुंभ: सीएम धामी ने त्रिवेणी संगम में लगाई आस्था की डुबकी महाकुंभ में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने परिवार के साथ त्रिवेणी संगम में स्नान किया। आस्था की डुबकी लगाकर उन्होंने श्रद्धालुओं संग पूजन-अर्चन किया। महाकुंभ में उनकी उपस्थिति से भक्तों में उत्साह देखा गया।

